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निम्बू के 11 चमत्कारी फायदे जरूर जाने

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 नींबू को संस्कृत में जंबीरम् कहते है अंग्रेजी में lemon अथवा citrus aurantiun  कहते हैं, जो Rutaceae family का है।         नींबू पानी को अगर देसी कोल्ड्रिंक कहा जाए तो इसमें कुछ गलत नहीं होगा।          प्रोटीन कार्बोहाइड्रेट, विटामिन और मिनरल्स से भरपूर यह पेय सेहत और सौंदर्य से जुड़े इतने फायदे देता है। जितने आप सोच भी नहीं सकते।          जानिए नींबू पानी के कुछ ऐसे ही फायदे जो आपकी सेहत के लिए बेहद लाभदायक हैं नींबू विटामिन C का बेहतर स्रोत है साथ ही इसमें विभिन्न विटामिन जैसे थियामीन, रिबोफ्लोविन, नियासिन, विटामिन B-6, फोलेट और विटामिन E की थोड़ी मात्रा मौजूद रहती है। पढे आम खाने के फायदे 1 यह खराब गले, कब, किडनी और मसूड़ों की समस्याओं में राहत पहुंचाता है। साथ ही ब्लड प्रेशर और तनाव को कम करता है। त्वचा को स्वस्थ बनाने के साथ ही लीवर के लिए भी यह बेहतर होता है। 2 पाचन क्रिया, वजन संतुलित करने और कई तरह के कैंसर से बचाव करने में नींबू पानी मददगार होता है। नींबू पानी में कई तरह की मिनरल्स जैसे आयरन, मैग्नीशियम, फॉस्फोरस, कैल्शियम, पोटेशियम और जिंक पाए जाते हैं। 3 कि

गौमूत्र चमत्कारी है आप जानकर हेरान हो जाओगे

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                                                                  वर्तमानसमय में स्वमूत्र-चिकित्सा का प्रचार किया जा रहा है। धर्मकी दृष्टिसे स्वमूत्रपान पाप है, जिसकी शुद्धि प्राजापत्यव्रत करने से होती है-             विण्मूत्रस्य च शुद्धयर्थं प्राजापत्यं समाचरेत्।             विण्मूत्रभक्षणे  चैव   प्राजापत्यं   समाचरेत्।।    वास्तवमें महिमा गोमूत्र की ही है। इसलिए आयुर्वेद में आया है-             सर्वेष्वपि च मूत्रेषु गोमूत्रं गुणतोऽधिकम्।             अतो  विशेषात्कथने  मूत्रं   गोमूत्रमुच्यते।। गोमूत्रमें रोगनाशकी विलक्षण शक्ति है। गंगा का निवास होनेसे गोमूत्र महान पवित्र है, जबकि स्वमूत्र महान अपवित्र है। कोई अज्ञानसे भी स्वमूत्रपान कर ले तो वह पुनः द्विजाति संस्कारके योग्य  हो जाता है-                अज्ञानात्तु सुरां पीत्वा रेतो विण्मूत्रमेव वा।                पुनः संस्कारमर्हन्ति त्रयो वर्णा द्विजातयः।।                अज्ञानात्प्राश्य विण्मूत्रं सुरासंस्पृष्टमेव च।                पुनः संस्कारमर्हन्ति त्रयो वर्णा द्विजातयः।। गोमूत्र का सेवन करने से कैंसर जैस